महेंद्र सिंह धोनी
इस आईपीएस अधिकारी के खिलाफ धोनी ने खटखटाया कोर्ट का दरवाजा, मैच फिक्सिंग से जुड़ा है मामला

आईसीसी में एक बार फिर टीम इंडिया का खिताब जीतने का सपना पूरा रह गया। रोहित शर्मा की कप्तानी से सजी टीम इंडिया को T20 वर्ल्ड कप 2022 के सेमीफाइनल में इंग्लैंड के हाथों 10 विकेट से करारी हार का सामना करना पड़ा। लेकिन भारत की हार के बाद धोनी एकदम से ट्विटर पर ट्रेंड होने लगे और लोगों को एकदम से धोनी की याद सताने लगी। ऐसा क्यों हुआ चलिए आपको समझाते हैं इसके पीछे का पूरा गणित। आखिर क्यों भारत की हार के बाद ही सबको टीम इंडिया के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की याद आई।

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भारत की हार के बाद याद आए एमएस धोनी

टीम इंडिया को सेमीफाइनल में मिली शर्मनाक हार के बाद आखिर एमएस धोनी लोगों को क्यों याद आ रहे हैं। चलिए आपको समझाते हैं उसका पूरा दरअसल धोनी की कप्तानी में भारत ने आईसीसी 12 नॉकआउट मुकाबले खेले थे। जिसमें से 9 मुकाबलों में भारत को जीत हासिल हुई थी वही दूसरे भारतीय कप्तानों की अगुवाई में 19 नॉकआउट मुकाबले खेले गए हैं।

जिनमें से सिर्फ 9 में ही जीत हासिल हुई है हालांकि जब धोनी एक के बाद एक भारत की झोली में आईसीसी ट्रॉफी डाल रहे थे। आईसीसी नॉकआउट मुकाबले में भारत को जीत दिला रहे थे तब लग रहा था कि यह तो बस चुटकियों का खेल है लेकिन आईसीसी नॉकआउट से जुड़े आंकड़ों को देखकर आप खुद ही अंदाजा लगा जाएंगे की धोनी टीम के लिए कितने सही कप्तान थे ।

आईसीसी के तीनों बड़ी ट्रॉफी को जिताने वाले इकलौते कप्तान

धोनी के आंकड़ों से यह बात साफ पता लगती है कि धोनी कितने अलग और कितने कामयाब कप्तान थे। क्रिकेट के मैदान पर रहकर खिलाड़ियों ने न सिर्फ दूसरे खिलाड़ियों का जज्बा बढ़ाया बल्कि भारतीय क्रिकेट को भी पूरे विश्व में नए आयाम दिए। उन्होंने एक के बाद एक भारत को नए-नए खिताबों से नवाजा है। इतना ही नहीं आईसीसी की तीनों बड़ी ट्रॉफी दिलाने वाले महेंद्र सिंह धोनी दुनिया के इकलौते कप्तान भी हैं।

मैदान पर दिखता था कैप्टन कूल का अंदाज

धोनी एक खिलाड़ी होने के साथ-साथ एक बेहतरीन कप्तान भी थे। वह मैदान पर अपने ऑन द स्पॉट बड़े बड़े फैसलों के लिए भी जाने जाते थे। जो हुनर टीम इंडिया के बाकी खिलाड़ियों में नहीं दिखाई देता। वह धोनी के अंदर कूट-कूट कर भरा था। इतना ही नहीं मैदान पर यह खिलाड़ी बहुत संयम के साथ अपनी विरोधी टीम को पस्त करने की खूबी भी रखते थे। शायद यही वजह है कि रिटायर होने के बाद भी जब भी आईसीस का कोई बड़ा टूर्नामेंट होता है तो सबसे पहले ज़हन में एमएस धोनी की याद आती है।

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