Ayodhya Deepotsav 2026: अयोध्या पहुंच सकते हैं अमित शाह, 30 लाख दीपों से जगमगाएगी रामनगरी; देश-विदेश के कलाकार भी दिखाएंगे हुनर

By Pavan Kumar On November 1st, 2026

Ayodhya Deepotsav 2026: अयोध्या पहुंच सकते हैं अमित शाह, 30 लाख दीपों से जगमगाएगी रामनगरी; देश-विदेश के कलाकार भी दिखाएंगे हुनर

Ayodhya Deepotsav 2026: अयोध्या में 7 नवंबर को होने वाला दसवां दीपोत्सव इस बार खास रहने वाला है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के समारोह में शामिल होने की संभावना है। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, शाह पहली बार दीपोत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में अयोध्या पहुंच सकते हैं। इस दौरान उनके नवनिर्मित राम मंदिर में रामलला के दर्शन करने की भी चर्चा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रदेश सरकार के कई मंत्रियों के भी शामिल होने की उम्मीद है।

पहली बार दीपोत्सव में शामिल हो सकते हैं अमित शाह

राम मंदिर में 22 जनवरी 2024 को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद अमित शाह का यह पहला दर्शन हो सकता है। वह दिसंबर 2021 में अयोध्या आए थे और हनुमानगढ़ी में पूजा की थी। हालांकि, 31 अक्टूबर तक आई कुछ रिपोर्टों में उनका दौरा प्रस्तावित बताया गया और जिला प्रशासन को आधिकारिक कार्यक्रम मिलने की पुष्टि नहीं हुई थी। ऐसे में उनके आगमन और दर्शन के अंतिम कार्यक्रम पर नजर बनी हुई है।

30 लाख दीपों से जगमगाएंगे सरयू के घाट

मुख्य आयोजन में सरयू नदी के घाटों पर करीब 30 लाख मिट्टी के दीप जलाने की तैयारी है। राम की पैड़ी सहित प्रमुख घाटों पर दीप सज्जा होगी। आयोजन को भव्य बनाने के लिए 2,100 स्वदेशी ड्रोन का शो प्रस्तावित है। करीब 15 मिनट के इस शो में रामदरबार, पुष्पक विमान, राम-लक्ष्मण, हनुमान और रावण वध जैसे रामायण प्रसंग आसमान में रोशनी से उकेरे जाएंगे। लेजर शो, थ्री-डी प्रोजेक्शन और ग्रीन फायरवर्क्स भी आकर्षण बढ़ाएंगे।

रामायण की झांकियां और देश-विदेश के कलाकार

दीपोत्सव तीन चरणों में होगा। पहले चरण में साकेत महाविद्यालय से रामकथा पार्क तक सांस्कृतिक शोभायात्रा निकलेगी, जिसमें उत्तर प्रदेश और अन्य राज्यों के करीब एक हजार लोक कलाकार हिस्सा लेंगे। झांकियों में भगवान राम के जीवन से जुड़े प्रसंग दिखेंगे। रामकथा पार्क में रामलला के आगमन, भरत मिलाप और श्रीराम के राज्याभिषेक का मंचन होगा। दो हजार से अधिक भारतीय और विदेशी कलाकारों की प्रस्तुतियां भी प्रस्तावित हैं। फिलीपींस और श्रीलंका के कलाकारों की रामलीला के साथ असम, केरल, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर और पश्चिम बंगाल की लोक-सांस्कृतिक प्रस्तुतियां कार्यक्रम का हिस्सा होंगी।

सुरक्षा के लिए QR कोड पास, होटल भी लगभग फुल

भीड़ और वीआईपी मूवमेंट को देखते हुए सुरक्षा कड़ी की जा रही है। करीब 30 हजार स्वयंसेवक और छह हजार से अधिक पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। राम की पैड़ी को आयोजन से दो दिन पहले प्रतिबंधित क्षेत्र बनाया जाएगा। स्वयंसेवकों और सुरक्षा बलों को QR कोड वाले पास दिए जाएंगे। उधर, दीपोत्सव से पहले अयोध्या के होटल, गेस्ट हाउस और होम स्टे के करीब 90 प्रतिशत कमरे बुक होने की खबर है। इससे रामनगरी में श्रद्धालुओं और पर्यटकों की बड़ी भीड़ जुटने की उम्मीद है।

यह भी पढ़ें: Yuvraj Singh का BCCI सिलेक्टर्स को साफ संदेश, अभिषेक शर्मा-ईशान किशन और वैभव सूर्यवंशी को ODI में मौका नहीं मिला तो टैलेंट के साथ होगी नाइंसाफी!